(i) जुड़वां साइकिल (Tandem Cycle) पर फिल्माए गए गीत।





आज का ब्लॉग पोस्ट: (i)Tandem Cycle पर साइकिल गीत।

Tandem Cycle यानी जुड़वां साइकिलें। ऐसी साइकिलों में दो सीटें और दो सवार होते हैं। कुछ ऐसे:


जुड़वां साइकिलें आपसी सहयोग, दोस्ती, भाईचारा, पारिवारिक प्रेम,  कॉमेडी, रोमांस,  और पुरातन आकर्षण ( Vintage Charm) आदि का प्यारा मिश्रण होती हैं।

इसीलिए दुनिया भर में Tandem Cycle  को बहुत पसंद किया जाता है। देश विदेश की विभिन्न संस्कृतियों में माचिस के कवर, पोस्टल स्टैंप और सिनेमा के पोस्टर में भी जुड़वां साइकिल को अच्छे से दर्शाया गया है।



(पोस्टर में पारिवारिक Tandem Cycle)

इन जुड़वां साइकिलों को पसंद तो बहुत किया गया लेकिन अधिक खरीदा और अपनाया नहीं गया। लोगों के घरों में ये साइकिल दिखाई नहीं देती है। लेकिन फिल्मों में कभी कभार ये जरूर दिखाई देती हैं।

फिल्मों के अलावा, बहुत सारे पिकनिक स्पॉट्स पर आप फूलों से लदी  ऐसी Tandem Cycle देख सकते हैं और पैसे देकर सेल्फी या अन्य फोटो ले सकते हैं।

इंदौर की लोटस वैली, गुलावट में भी आप ऐसी Tandem Cycle देख सकते हैं।

हमारे कॉलेज (SGSITS Indore) की Heat Engines लैब में भी एक पुराने जमाने की Tandem Cycle  है, जिसमें तीन Chain हैं। एक पावर के लिए, दूसरी टाइमिंग और एडजेस्टमेंट के लिए और तीसरी स्टीयरिंग के लिए। इस Tandem Cycle की फोटो और कहानी आपको अलग से बताएंगे! 

तब तक समझने के लिए ये फोटो देखें:

(इसी लैब में पचास के दशक की काली एंबेसेडर नंबर MPI 250 को बहुत अच्छे से संरक्षण में रखा गया है। कभी इसमें कॉलेज के डायरेक्टर सवारी करते थे। लेकिन कॉलेज की धरोहर, देश का इकलौता बचा हुआ इंडस्ट्रियल बोर्सिग स्टीम इंजन 1911 मेक को  बाइक पार्किंग एरिया में खुले में  रख दिया गया है! इस बारे में और जानने के लिए पढ़ें: Mysterious Steam Engine at SGSITS Indore. )

Cycle और संगीत पर लौटा जाए! अभी तक साइकिल संगीत सिरीज़ में इन तीन जुड़वां साइकिल के गानों पर ब्लॉग पोस्ट लिखे गए हैं।


गानाएक दिन लाहौर की ठण्डी सड़क पर । फिल्म: सगाई (1951)। गायिका: शमशाद बेगम। गायक: रफ़ी और चितलकर। गीतकार: राजेंद्र कृष्ण। संगीतकार: सी रामचंद्र। पर्दे पर: याकूब, गोप, रेहाना और साथी। 


(10) सांवले सलोने दिन आए बहार के। एक ही रास्ता (1956)

गीतसांवले सलोने दिन आए बहार के।फिल्म: एक ही रास्ता(1956)। गायक:हेमंत कुमार। गायिका: लता। गीतकार: मजरूह सुल्तानपुरी। संगीतकार: हेमंत कुमार। पर्दे पर:  जुड़वां साइकिल पर सवार सुनील दत्त, मीना कुमारी और डेज़ी ईरानी।

(12) हमको हँसते देख ज़माना जलता है।हम सब चोर हैं। (1956)

गीत: हमको हँसते देख ज़माना जलता हैगाने के बोल: इस लिंक को दबाएं।फिल्म: हम सब चोर हैं (1956)। गायक: रफ़ी और जी एम दुर्रानी। गीतकार: मजरूह सुल्तानपुरी, संगीतकार: ओ पी नैयर।पर्दे पर: आई एस जौहर और मजनू।



इसके बाद भी कुछ और उत्कृष्ट जुड़वां साइकल गीतों पर ब्लॉग पोस्ट लिखा जाना बाकी है। थोड़ी प्रतीक्षा कीजिए! धीरे-धीरे रे मना!

अब थोड़ी, बहुत थोड़ी, बात हॉलीवुड की जुड़वां साइकिलों की भी कर लें। पहले ये पेंसिल स्केच फिल्म The Lady in Question (1940) से।

(Glenn Ford and Rita Hayworth on a vintage Griffon Tandem Bicycle in the above film.)

सन 2024 की फिल्म Harold and the Purple Crayon  में भी Tandem Cycle दिखाई गई है। 


हीरो Purple Crayon से इसकी ड्राइंग बनाता है और जादू से वो असली Tandem Cycle बन जाती है। ट्रेलर भी  देख लीजिए।

आज एक अंग्रेजी Tandem Cycle गीत Daisy Bell भी हो जाए!


इतने अच्छे देसी-बिदेसी Tandem Cycle गीत सुनने के बाद Tawa Sisters भी कुछ ऐसे गा रही हैं और सीटी बजा रही हैं:

आप भी इनसे कुछ सीखिए! Ride. Sing. Whistle. Smile. Repeat!



पंकज खन्ना 
9424810575 


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