Posts

(A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची।

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का ब्लॉग पोस्ट : (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची। साइकिल संगीत में अब तक लिखे गए सभी ब्लॉगपोस्ट्स के लिंक और हर गीत का थोड़ा सा परिचय इस ब्लॉग पोस्ट में सूची के रूप में नीचे दिया गया है। (इस सूची को प्रति सप्ताह नए साइकिल गीतों के साथ एडिट किया जाएगा।) साइकिल संगीत के ब्लॉग की ताज़ा सूची। (1) साइकल संगीत परिचय  :  (2)   गाना :  सावन के नज़ारे हैं ।  फिल्म  :  खजांची (1941) । गायक : गुलाम हैदर।  गायिका : शमशाद बेगम।  गीतकार : वली साहब।  संगीतकार : गुलाम हैदर। पर्दे पर हैं: रमोला, एसडी नारंग और अन्य कलाकार। ( साइकिल गीत का टाइप : सीटी गीत, पिकनिक गी...

(34) लहरों में झूल के।

Image
  पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गीत :  लहरों में झूल के , खुशियों में फूल के, देखो जी दीवाने हॉलिडे मनाने चले, लिखना-पढ़ना भूल के।             ( सुबीराज और कुमकुम) गीत : लहरों में झूल के । फिल्म : दो गुंडे (1959)। गायक : रफी। गायिका : आशा भोंसले। गीतकार : मजरूह सुल्तानपुरी। संगीतकार : गुलाम मोहम्मद। पर्दे पर : सुबीराज, कुमकुम, अजीत, प्राण और अन्य। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । " लहरों में झूल के , खुशियों में फूल के, देखो जी दीवाने हॉलिडे मनाने चले, लिखना-पढ़ना भूल के " एक बड़ा ही चंचल और कम सुना गया लेकिन बेहद दिलकश साइकिल और पिकनिक गीत है। इस गीत को सुबीराज कक्कड़,  कुमकुम, प्राण, अजीत और अन्य साथी कलाकारों पर फिल्मा...

(33) सुनो रे भैया हम लाए हैं एक खबर मस्तानी।

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गाना : (33) सुनो रे भैया हम लाए हैं एक खबर मस्तानी । आज किसी ज़ालिम की मरने वाली है नानी। ( मित्र दीपक राजोरिया को जॉनी वॉकर  बहुत पसंद हैं तो उनकी तस्वीर को थोड़ा सा सँवार दिया है!) गीत : सुनो रे भैया हम लाए हैं एक खबर मस्तानी ।  फिल्म : पैगाम (1959)। गायक:  रफी। गीतकार : प्रदीप। संगीतकार : सी रामचंद्र। पर्दे पर : जॉनी वॉकर। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । (फिल्म में जॉनी वॉकर पर तीन गीत फिल्माए गए हैं।) आज का साइकिल गीत एक मस्ती भरा हास्य गीत भी है: " सुनो सुनो रे भैया हम लाए हैं एक खबर मस्तानी ।"  फिल्म का विषय मिल-मज़दूरों के अधिकार, अमीर-गरीब का संघर्ष और सामाजिक न्याय है। गाने की शुरुआत में मजदूरों के हितैषी...

(32) बन के पंछी गाएं प्यार का तराना।

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गीत : बन के पंछी गाएं प्यार का तराना । गीत:   बन के पंछी गाएं प्यार का तराना ।   फिल्म : अनाड़ी (1959)। गायक: लता और साथी। गीतकार : हसरत जयपुरी। संगीतकार : शंकर जयकिशन। पर्दे पर : नूतन, राजकपूर और साथी। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । आज का गीत हिन्दी फिल्मों के यादगार साइकिल गीतों के 'हॉल ऑफ़ फ़ेम' में अपनी साइकिल की घंटी और भोंपू ज़ोर से बजाता है। और हाँ, यह पिकनिक का पूरा सामान भी साथ लेकर चलता है।🚲🧺 गाने की शुरुआत में नूतन सखी-सहेलियों के साथ बन में साइकिल चलाते हुए दिखाई गई हैं। कुछ लड़कियाँ दो चोटी में भी दिखाई देती हैं। अब ऐसे सीन दिखाई नहीं पड़ते।               ...

(31) मैं रिक्शा वाला, मैं रिक्शा वाला।

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गीत: मैं रिक्शा वाला मैं रिक्शा वाला। गीत : मैं रिक्शा वाला मैं रिक्शा वाला। फिल्म :  छोटी बहन (1959)। गायक : रफ़ी। गीतकार :  शैलेन्द्र। संगीतकार : शंकर जयकिशन। पर्दे पर : महमूद। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । इस गाने में महमूद को हाथ रिक्शा चलाते हुए दिखाया गया है। संभवतः हाथ रिक्शा पर बना हिंदी फिल्मों का ये पहला गीत है। हट्टे कट्टे जवान महमूद ने इस गाने में जा डाल दी है। गाने के शुरू में ही महमूद को घोड़ों की दुलकी चाल ( Horse Trot)  के समान पैरों को चलाते दिखाया गया है। टगबग। टगबग। 🐎 🐎  🐎 🐎  🐎 🐎 🐎 🐎 ये घोड़ा छाप गाना तो नहीं है लेकिन घोड़ा छाप गाने  जरूर याद क...

(30) ओ सोनिये ओ सोनिये जब जीत हुई है हमारी।

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । (गीता बाली और सुरेश: 10 O' Clock.) आज का गीत: (30) ओ सोनिये ओ सोनिये जब जीत हुई है हमारी । गीत : ओ सोनिये ओ सोनिये जब जीत हुई है हमारी । फिल्म : 10 O' Clock(1958) गायक : रफ़ी। गायिका : गीता दत्त। गीतकार : श्याम हिंदी। संगीतकार : राम गांगुली। पर्दे पर : गीता बाली, सुरेश (नसीम अहमद) और साथी। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । ये साइकिल का पिकनिक वाला गाना हमें  चुलबुली  अदाकारा गीता बाली के कारण बहुत पसंद है। उनके अलावा  इस गीत को पूर्ण करने के लिए दो कम जाने पहचाने कलाकार भी हैं: हीरो सुरेश और गीतकार श्याम हिंदी। पहले इन दोनों को याद कर लेते हैं। (सुरेश 1928-1979.जन्म: गुरुदासपुर। ) इन...

(29) ओ ज़रा रुक जा प्यारे रुक जा!

Image
पंकज खन्ना 9424810575              साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गाना: (29) ज़रा रुक जा प्यारे रुक जा। गीत : ओ ज़रा रुक जा प्यारे रुक जा । फिल्म : सितारों से आगे (1958)। गायक:  रफ़ी। गीतकार : मजरूह सुल्तानपुरी! संगीतकार : एस डी बर्मन। पर्दे पर : जॉनी वॉकर, शम्मी और अन्य साथी। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । (जॉनी वॉकर और शम्मी। फिल्म में लट्टू और लट्टू की गर्ल फ्रेंड।) सन सत्तर के दशक में यानि हमारे बचपन में मनोरंजन के नाम पर बहुत कुछ होता था: फिल्में, रेडियो पर गाने, फिल्मों और गानों पर अविरत चर्चा, क्रिकेट, फुटबॉल, हॉकी, कबड्डी, सर्कस, जादू के खेल, दोस्तों के साथ साइक्लिंग और साइक्लिंग के करतब ! ना मोबाइल ना टीवी, सिर्फ मटरगश्ती , दिन भर!  पारसी मोहल्ले के पास स्थित एक सरकारी स्कूल के मैदा...