(34) लहरों में झूल के।
पंकज खन्ना 9424810575 साइकिल संगीत - परिचय । (A) साइकिल गीतों की क्रमानुसार सूची । (B) साइकिल गीत चुनने का मानदंड (Criteria)? (C) साइकिल संगीत क्यों? और हिंदी में ही क्यों? (D) साइकिल संगीत पर पुस्तक क्यों नहीं? (E) ब्लॉग में कमेंट्स सेक्शन क्यों बंद है ? (F) साइकिल गीतों का वर्गीकरण । आज का गीत : लहरों में झूल के , खुशियों में फूल के, देखो जी दीवाने हॉलिडे मनाने चले, लिखना-पढ़ना भूल के। ( सुबीराज और कुमकुम) गीत : लहरों में झूल के । फिल्म : दो गुंडे (1959)। गायक : रफी। गायिका : आशा भोंसले। गीतकार : मजरूह सुल्तानपुरी। संगीतकार : गुलाम मोहम्मद। पर्दे पर : सुबीराज, कुमकुम, अजीत, प्राण और अन्य। गाने के बोल । फिल्म के सभी गाने । " लहरों में झूल के , खुशियों में फूल के, देखो जी दीवाने हॉलिडे मनाने चले, लिखना-पढ़ना भूल के " एक बड़ा ही चंचल और कम सुना गया लेकिन बेहद दिलकश साइकिल और पिकनिक गीत है। इस गीत को सुबीराज कक्कड़, कुमकुम, प्राण, अजीत और अन्य साथी कलाकारों पर फिल्मा...